दक्षिण चीन सागर में अज्ञात चीज से टकराई अमेरिकी पनडुब्बी, चीन ने ‘चिंता’ जताने के नाम पर पूछ लिए ढेरों सवाल, कहा- हमें सबकुछ बताओ

दक्षिण चीन सागर में अज्ञात चीज से टकराई अमेरिकी पनडुब्बी, चीन ने ‘चिंता’ जताने के नाम पर पूछ लिए ढेरों सवाल, कहा- हमें सबकुछ बताओ

China Demands Answers After US Submarine Hits With Unwanted Object: विवादित दक्षिण चीन सागर (एससीएस) में अमेरिका की एक परमाणु पनडुब्बी किसी अज्ञात चीज से टकराने के बाद क्षतिग्रस्त हो गई थी. इसपर अब चीन ने चिंता व्यक्त की है. चीन ने शुक्रवार को अमेरिका से कहा कि उसे घटना से जुड़ी पूरी जानकारी दी जाए और बताया जाए कि घटना किस स्थान पर हुई है. इसके साथ ही चीन ने इस घटना का कारण अमेरिका के ‘नेविगेशन की स्वतंत्रता’ के नाम पर हवाई और नौसैनिक उड़ानों के संचालन को बताया है (SCS Incident). दक्षिण चीन सागर में शनिवार को अमेरिका की एक परमाणु संपन्न पनडुब्बी पानी के भीतर एक अज्ञात चीज ने टकरा गई थी.

इस घटना में करीब 15 लोग घायल हो गए हैं. अमेरिका की पैसिफिक फ्लीट ने गुरुवार को कहा कि घायलों में किसी को भी जान का खतरा नहीं है. यह स्पष्ट नहीं है कि सीवॉल्फ-श्रेणी की पनडुब्बी किस चीज से टकराई है (US Navy in South China Sea). मामले में अमेरिकी नौसेना ने एक बयान जारी कर कहा, ‘पनडुब्बी सुरक्षित और स्थिर स्थिति में बनी हुई है. यूएसएस कनेक्टिकट के परमाणु प्रणोदन संयंत्र और दूसरे हिस्से प्रभावित नहीं हुए हैं. और वह पूरी तरह संचालित हो रही है.

अमेरिका से पूछे ढेरों सवाल

चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता झाओ लिजियान से जब इस संबंध में पूछा गया तो उन्होंने कहा कि ‘चीन इस घटना को लेकर काफी चिंतित है.’ उन्होंने कहा, ‘इस घटना में शामिल अमेरिकी पक्ष को स्थान, इस नेविगेशन का उद्देश्य, दुर्घटना का विवरण और पनडुब्बी किससे टकराई और क्या कोई परमाणु रिसाव हुआ है (Seawolf Class Nuclear Powered Submarine) और क्या स्थानीय समुद्री पर्यावरण को नुकसान पहुंचा है, सहित जरूरे विवरणों की पूरी जानकारी देनी चाहिए.’ उन्होंने यह भी कहा कि नेविगेशन की स्वतंत्रता के नाम पर हवाई और नौसैनिक उड़ानें संचालित करने का अमेरिका का दावा ही इस घटना का कारण है.

क्षेत्रीय शांति के लिए बताया खतरा

लिजियान ने आगे कहा, ‘मैं इस बात पर भी जोर देना चाहता हूं कि कुछ समय से अमेरिका दक्षिण चीन सागर में नेविगेशन की स्वतंत्रता के बैनर तले गतिविधियां कर रहा है (Tension in South China Sea). जो क्षेत्रीय शांति और स्थिरता के लिए गंभीर रूप से खतरनाक और जोखिम भरा है. अमेरिका इस हादसे का खुलासा करने में देरी कर रहा है. वह बिना किसी पारदर्शिता और जिम्मेदारी के कार्य कर रहा है.’ लिजियान ने कहा कि चीन और एससीएस में संबंधित देशों को तथ्यों और अमेरिका की मंशा पर संदेह करना होगा. बता दें चीन एससीएस के ज्यादातर हिस्से पर अपना दावा करता है. उसके अलावा फिलीपींस, वियतनाम, मलेशिया, ब्रुनेई और ताइवान भी क्षेत्र पर दावा करते हैं.