वैज्ञानिकों का दावा - ब्रह्मांड के किसी कोने में नहीं, बल्कि पृथ्वी पर इंसानों के बीच रह रहे हैं Aliens!

वैज्ञानिकों का दावा -  ब्रह्मांड के किसी कोने में नहीं, बल्कि पृथ्वी पर इंसानों के बीच रह रहे हैं Aliens!

मानवता पिछले कई दशकों से एक बड़े सवाल का जवाब ढूंढने में जुटी हुई है. वो सवाल ये है कि क्या पृथ्वी के अलावा ब्रह्मांड के किसी कोने में जीवन मौजूद है. हमारे पास एलियंस का पता लगाने के लिए टेक्नोलॉजी है. लेकिन इसके बाद भी अभी तक हमारा उनके साथ संपर्क नहीं हो पाया है.

हालांकि, एलियंस से संपर्क नहीं होने की एक संभावित वजह ये हो सकती है कि हम सही जगह पर उनकी तलाश नहीं कर रहे हैं. कुछ वैज्ञानिकों का मानना है कि एलियंस की तलाश के लिए हमें बहुत दूर तक खोज करने की जरूरत नहीं है. वे वास्तव में पृथ्वी पर हमारे बीच में रह रहे होंगे.

1963 में नासा के लिए मंगल ग्रह के पहले कंप्यूटराइज्ड मैप बनाने वाले एस्ट्रोनोमर जैक्स वैली सहित यूफोलॉजिस्ट द्वारा लंबे समय से एक सिद्धांत दिया गया है. उनका कहना है कि एलियंस हचकमारे अपने सामानांतर डायमेंशन में मौजूद हो सकते हैं.

द गार्जियन से बात करते हुए, एस्ट्रोबायोलॉजिस्ट हेलेन शरमन ने कहा कि ब्रह्मांड में इतने अरबों तारे हैं कि जीवन के सभी रूप होने चाहिए. क्या वे आपके और मेरे जैसे होंगे, जो कार्बन और नाइट्रोजन से बने हैं? शायद नहीं. यह संभव है कि वे अभी यहां पृथ्वी पर हैं और हम उन्हें आसानी से नहीं देख सकते हैं.

कैलिफोर्निया इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी के जियोबायोलॉजिस्ट विक्टोरिया ओरफेन ने भी सुझाव दिया है कि कुछ जीवित चीजें 'शैडो बायोस्फीयर' में मौजूद हो सकती हैं. उनका कहना है कि अन्य जीवित चीजें कुछ अलग तरह की हो सकती हैं, जिनके बारे में अभी तक पता ही नहीं लगाया गया है.